प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज 20वें रोजगार मेले में विभिन्न सरकारी संगठनों में नवनियुक्त 51 हजार से अधिक युवाओं को नियुक्ति पत्र वितरित किए। प्रधानमंत्री ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि केंद्र सरकार युवाओं को भविष्य की जरूरतों के अनुरूप कौशल और अवसर उपलब्ध कराने पर लगातार काम कर रही है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि बदलती अर्थव्यवस्था की आवश्यकताओं के अनुरूप देश के युवाओं की शिक्षा और कौशल को विकसित करना सरकार की प्राथमिकता है। इसके साथ ही निजी क्षेत्र में रोजगार के अवसरों का तेजी से विस्तार करने के प्रयास भी किए जा रहे हैं।
विकसित भारत रोजगार योजना से बढ़ेंगे रोजगार के अवसर
प्रधानमंत्री ने बताया कि युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने के उद्देश्य से करीब एक लाख करोड़ रुपये के प्रावधान वाली प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना शुरू की गई है। इस योजना से करीब दो करोड़ युवाओं को पहली बार रोजगार से जुड़ने का अवसर मिलने की उम्मीद है।
योजना के तहत पहली नौकरी पाने वाले युवाओं को सरकार की ओर से 15 हजार रुपये तक की प्रोत्साहन राशि दी जा रही है। वहीं, अधिक रोजगार के अवसर पैदा करने वाले नियोक्ताओं को भी प्रोत्साहन दिया जा रहा है।
मुक्त व्यापार समझौतों से युवाओं के लिए नए अवसर
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत ने पिछले कुछ वर्षों में करीब 40 देशों के साथ मुक्त व्यापार समझौते किए हैं। इससे देश के उद्यमियों के लिए नए बाजार और साझेदारियां खुल रही हैं तथा युवाओं के लिए करियर के नए अवसर तैयार हो रहे हैं।
उन्होंने कहा कि भारतीय युवाओं की प्रतिभा और कौशल पर दुनिया का भरोसा बढ़ा है। भारत के नवोन्मेषकों, उद्यमियों और युवा शक्ति से विश्व को काफी उम्मीदें हैं।
छोटे शहरों में बढ़ रहा स्टार्टअप का विस्तार
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत आज दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप तंत्र है। मान्यता प्राप्त स्टार्टअप में करीब आधे स्टार्टअप दूसरे और तीसरे स्तर के शहरों में हैं।
उन्होंने कहा कि गांवों, कस्बों और छोटे शहरों के युवा नई अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। युवा अपने विचारों पर काम कर नई कंपनियां शुरू करने के साथ अन्य लोगों के लिए भी रोजगार के अवसर पैदा कर रहे हैं।
दस वर्षों में करीब 10.96 लाख सरकारी नियुक्तियां
केंद्रीय कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि रोजगार मेले के माध्यम से रोजगार सृजन और नियुक्तियों के आकलन से सरकारी नियुक्तियों में उल्लेखनीय वृद्धि तथा अधिक पारदर्शिता सामने आई है।
उन्होंने बताया कि केंद्र में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सरकार के दस वर्षों के दौरान संघ लोक सेवा आयोग, कर्मचारी चयन आयोग और रेलवे भर्ती बोर्डों के माध्यम से करीब 10 लाख 96 हजार नियुक्तियां की गईं, जबकि पूर्ववर्ती संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन सरकार के दौरान यह संख्या करीब 7 लाख 22 हजार थी।
45 स्थानों पर आयोजित हुआ रोजगार मेला
20वां रोजगार मेला देशभर के 45 स्थानों पर आयोजित किया गया। नवनियुक्त युवा वित्त, रेल, गृह, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण और रक्षा सहित भारत सरकार के विभिन्न मंत्रालयों और विभागों में अपनी सेवाएं देंगे।
20वें रोजगार मेले के साथ अब तक करीब 12 लाख 75 हजार युवाओं को नियुक्ति पत्र प्रदान किए जा चुके हैं। रोजगार मेला युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने और देश के विकास में उनकी भागीदारी सुनिश्चित करने की सरकार की निरंतर पहल को दर्शाता है।
